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मेटा ने एआई वीडियो निर्माण के लिए ‘वाइब्स’ लॉन्च किया

मेटा ने अपनी मेटा एआई ऐप और meta.ai वेबसाइट पर ‘वाइब्स’ नाम से एक नया फीचर शुरू किया है, जो विशेष रूप से एआई से उत्पन्न वीडियो के लिए एक समर्पित फीड है। यह कदम कंपनी के एआई टूल्स के सुइट को विस्तार देता है, जो कंटेंट क्रिएटर्स को छोटे फॉर्मेट के वीडियो बनाने, ब्राउज करने और शेयर करने की सुविधा प्रदान करता है, जिससे क्रिएटिव प्रोसेस ज्यादा सरल और आकर्षक बन जाता है।

वाइब्स फीड एक केंद्रीकृत प्लेटफॉर्म के रूप में काम करता है, जहां यूजर्स विभिन्न क्रिएटर्स और कम्युनिटी से आने वाले कंटेंट को आसानी से एक्सप्लोर कर सकते हैं। मेटा की आधिकारिक घोषणा के अनुसार, यह फीड यूजर की रुचियों के आधार पर पर्सनलाइजेशन फीचर्स के साथ आता है, जो समय के साथ यूजर के व्यवहार को सीखकर कंटेंट सुझावों को बेहतर बनाता है। उदाहरण के लिए, अगर कोई यूजर म्यूजिक वीडियो या एनिमेटेड क्लिप्स में दिलचस्पी रखता है, तो फीड उसी तरह के कंटेंट को प्राथमिकता देगा। कंपनी ने कहा है कि ‘वाइब्स’ का मुख्य उद्देश्य क्रिएटिव इंस्पिरेशन प्रदान करना और मेटा एआई के मीडिया टूल्स के साथ प्रयोग करने को आसान बनाना है। टेकक्रंच की रिपोर्ट्स से पता चलता है कि यह फीचर यूजर्स को रियल-टाइम में वीडियो जेनरेशन की अनुमति देता है, जहां टेक्स्ट प्रॉम्प्ट्स के जरिए जटिल विजुअल इफेक्ट्स बनाए जा सकते हैं, जैसे कि डांसिंग कैरेक्टर्स या लैंडस्केप ट्रांसफॉर्मेशंस।

यूजर्स यहां पूरी तरह से नए वीडियो क्रिएट कर सकते हैं, मौजूदा कंटेंट को मॉडिफाई कर सकते हैं या फीड में उपलब्ध वीडियो को रीमिक्स करके अपना वर्शन बना सकते हैं। प्लेटफॉर्म में कई उन्नत फीचर्स शामिल हैं, जैसे कि नई विजुअल एलिमेंट्स जोड़ना, म्यूजिक लेयर्स ऐड करना, और विजुअल स्टाइल को यूजर की पसंद के अनुसार एडजस्ट करना – मसलन, रेट्रो लुक या फ्यूचरिस्टिक इफेक्ट्स। द वर्ज की रिपोर्ट्स के मुताबिक, मेटा एआई की इमेजिन टूल्स को अपग्रेड किया गया है, जो अब वीडियो में मोशन इफेक्ट्स और ट्रांजिशंस को सपोर्ट करती हैं, जिससे क्रिएटर्स बिना किसी स्पेशल सॉफ्टवेयर के प्रोफेशनल-ग्रेड कंटेंट बना सकते हैं। इसके अलावा, फीचर में सेफ्टी मेजर्स भी हैं, जैसे कि कॉपीराइटेड मटेरियल को डिटेक्ट करने वाले टूल्स, जो क्रेडिबल सोर्स जैसे एंगेजेट से कन्फर्म होते हैं, ताकि यूजर्स कानूनी रूप से सुरक्षित रहें।

कंटेंट शेयरिंग इंटीग्रेशन

वाइब्स प्लेटफॉर्म मेटा के मौजूदा सोशल नेटवर्क इकोसिस्टम के साथ पूरी तरह से इंटीग्रेटेड है, जिससे यूजर्स अपने एआई-जनरेटेड वीडियो को विभिन्न चैनलों पर आसानी से शेयर कर सकते हैं। वीडियो क्रिएट करने के बाद, उन्हें सीधे वाइब्स फीड पर पोस्ट किया जा सकता है, डायरेक्ट मैसेज के माध्यम से दोस्तों को भेजा जा सकता है, या इंस्टाग्राम और फेसबुक पर स्टोरीज और रील्स के रूप में क्रॉस-पोस्ट किया जा सकता है, जो यूजर एंगेजमेंट को बढ़ावा देता है।

मेटा ने क्रॉस-प्लेटफॉर्म डिस्कवरी को और मजबूत बनाने के लिए विशेष फीचर्स ऐड किए हैं, जैसे कि इंस्टाग्राम पर मेटा एआई वीडियो देखते समय यूजर्स को मेटा एआई ऐप में रीमिक्स टूल्स तक डायरेक्ट ऐक्सेस मिलना। इससे यूजर्स किसी वीडियो को देखते हुए तुरंत अपना वर्शन क्रिएट कर सकते हैं, जो क्रिएटिव कम्युनिटी को बढ़ावा देता है। आधिकारिक सोर्स से मिली जानकारी बताती है कि शुरुआती वर्जन के लिए मेटा ने मिडजर्नी और ब्लैक फॉरेस्ट लैब्स जैसे प्रमुख एआई इमेज जेनरेटर्स के साथ पार्टनरशिप की है। ब्लूमबर्ग की डीटेल्ड रिपोर्ट्स के अनुसार, मिडजर्नी हाई-रेजोल्यूशन इमेज जेनरेशन में एक्सपर्ट है, जो वीडियो में डिटेल्ड विजुअल्स प्रदान करता है, जबकि ब्लैक फॉरेस्ट लैब्स एडवांस्ड मॉडल्स के जरिए रियलिस्टिक एनिमेशंस बनाता है। ये पार्टनरशिप्स मेटा को अपनी खुद की एआई मॉडल्स विकसित करने के दौरान क्वालिटी कंटेंट डिलीवर करने में मदद कर रही हैं, और फ्यूचर अपडेट्स में मेटा के इन-हाउस टूल्स को इंटीग्रेट किया जाएगा। इसके अलावा, सीएनएन बिजनेस की रिपोर्ट्स से पता चलता है कि यह इंटीग्रेशन यूजर्स को मल्टी-प्लेटफॉर्म एनालिटिक्स भी प्रदान करता है, जैसे कि व्यूज और एंगेजमेंट मेट्रिक्स, जो क्रिएटर्स को उनके कंटेंट की परफॉर्मेंस ट्रैक करने में मदद करता है।

स्ट्रैटेजिक एआई इनवेस्टमेंट

वाइब्स का लॉन्च मेटा की एआई कैपेबिलिटीज में किए जा रहे व्यापक स्ट्रैटेजिक निवेश का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो कंपनी को एआई इनोवेशन के क्षेत्र में लीडर बनाने की दिशा में काम कर रहा है। जून में, मेटा ने अपनी एआई ऑपरेशंस को रिस्ट्रक्चर किया और ‘मेटा सुपरइंटेलिजेंस लैब्स’ की स्थापना की, साथ ही एआई डिविजन को चार स्पेशलाइज्ड ग्रुप्स में विभाजित किया – फाउंडेशन मॉडल्स पर फोकस करने वाला ग्रुप, रिसर्च-ओरिएंटेड टीम, प्रोडक्ट इंटीग्रेशन स्पेशलिस्ट्स, और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट यूनिट। ये बदलाव कंपनी को ज्यादा कुशलता से एआई टेक्नोलॉजी विकसित करने में सक्षम बनाते हैं।

मेटा ने कहा है कि वाइब्स ‘हमारे एआई वीडियो वर्क का सिर्फ लेटेस्ट उदाहरण है’, जो दर्शाता है कि कंपनी इस क्षेत्र में निरंतर विकास कर रही है, जैसे कि पहले लॉन्च किए गए इमेज जेनरेशन टूल्स और अब वीडियो फोकस। इसके अलावा, मेटा एआई प्लेटफॉर्म एआई ग्लासेस को मैनेज करने, रोजमर्रा के मोमेंट्स को कैप्चर करने, और फोटोज तथा वीडियोज के लिए क्रिएटिव ऐप्लिकेशंस एक्सप्लोर करने का मुख्य हब बना हुआ है। यहां एआई असिस्टेंट सामान्य प्रश्नों के जवाब देने और इंस्पिरेशन प्रदान करने के लिए उपलब्ध है, जो यूजर्स को एआई की पावर को दैनिक जीवन में इस्तेमाल करने की सुविधा देता है। फोर्ब्स की एनालिसिस से पता चलता है कि मेटा ने 2025 में एआई इनवेस्टमेंट को 10 बिलियन डॉलर से अधिक बढ़ाया है, जिसमें रिसर्च एंड डेवलपमेंट पर खास जोर है, जैसे कि लामा मॉडल्स का अपग्रेड जो वीडियो जेनरेशन को सपोर्ट करते हैं। सीएनबीसी की रिपोर्ट्स के अनुसार, ये निवेश यूजर एंगेजमेंट को 20% तक बढ़ाने का लक्ष्य रखते हैं, खासकर युवा क्रिएटर्स के बीच, और कंपनी ने एआई एथिक्स पर भी फोकस किया है, जैसे कि डीपफेक डिटेक्शन टूल्स को इंटीग्रेट करके। मेटा यूजर फीडबैक को सक्रिय रूप से आमंत्रित कर रहा है, ताकि एआई वीडियो टूल्स के आने वाले वर्जन्स को यूजर की जरूरतों के हिसाब से आकार दिया जा सके, जो लॉन्ग-टर्म इनोवेशन को सुनिश्चित करता है।